नई गाय, भैंस, बकरी या भेड़ खरीदकर लाने के बाद उसे तुरंत पुराने पशुओं के साथ मिला देना सुविधाजनक तो लगता है, लेकिन पशु स्वास्थ्य की दृष्टि से यह अच्छी आदत नहीं है।
नए पशु ने पहले कहाँ रहना, क्या खाना और किन पशुओं के संपर्क में रहना है—इसकी पूरी जानकारी हमेशा उपलब्ध नहीं होती। कई संक्रमणों या परजीवी समस्याओं के लक्षण तुरंत दिखाई भी नहीं देते।
इसलिए नए पशु को कुछ समय अलग स्थान पर रखकर उसके भोजन, पानी, गोबर, शरीर की स्थिति और सामान्य व्यवहार पर निगरानी रखना उपयोगी है। इस दौरान आवश्यक स्वास्थ्य परीक्षण, कृमिनाशन या टीकाकरण की स्थिति भी पशु चिकित्सक से जाँची जा सकती है।
थोड़ी सावधानी पूरे झुंड को अनावश्यक जोखिम से बचा सकती है।